सफलता की चाबी ..A KEY TO SUCCESS (By Shailendra Porwal)

           


                    सफलता की चाबी

A KEY TO

SUCCESS

(By : Shailendra Porwal)

 पानी कितना निर्मल यानि Soft होता है , और (Rocks) पत्थर कितना कठोर होता है , लेकिन,  सोचिए जब यह सॉफ्ट निरमल पानी भी जब इन कठोर rocks  पर बार बार बार बार गिरता है तो, बड़ी से बड़ी चट्टानों को तोड़ देता है और कई सूंदर Caves  बन जाती है  rocks अलग अलग रूप धारण कर लेते है।

इसे कहते है निरंतर अभ्यास यानि CONSISTENCY बार बार एक्शन लेना।

और ऐसा ही कुछ हमरा साथ होता है।  आज मोटीवेट हुए , आज कर लिया, कल वापस सुस्त सब भूल जाते है,

ऐसे सफलता प्राप्त नहीं होती , इस तरह से कभी भी लक्ष्य को प्राप्त नहीं किया जा सकता। और जब आप किसी भी काम को,अगर regular करते हो तो  आप स्वयं motivate  होते जाते हो , बड़े से बड़े लक्ष्य को प्राप्त कर सकते हो, अपने हर सपने को पूरा कर सकते हो , अब चाये  वो हमारा स्कूल रिजल्ट हो , career हो, business Growth हो कुछ भी आप सब हासिल कर सकते हो।

CONSISTENCY रखने के लिया किन बातो का ध्यान रखना जरुरी है।  आइये देखते है

 1.  REASON :

हमारे पास हर काम को करने का कोई कारण होता है जैसे जल्दी सो जाओ क्यूंकि कल स्कूल जाना है , बचपन से ही हम बिना कारण  के कुछ नहीं करते, तुझे डॉक्टर बनाना है , तो स्कूल जान पड़ेगा कोई भी बात अगर आप को बोली जाए  तो आप सबसे से पहले पूछेंगे क्यों?

जल्दी सो जा-------- क्यों

जल्दी उठ जाना कल ------- क्यों

कल ऑफिस नहीं जाना------- क्यों

आज खाना नहीं मिलेगा    ------- क्यों

मतलब हर काम को करने से पहले हमारा दिमाग कारण मांगता है ,   क्यों ?

और जब तक कोई कारण नहीं होगा ,तब तक Consistency  नहीं आएगी

अगर आप के पास कोई लक्ष्य है तो उस के पीछे कारण भी होगा और अगर कारण है तो consistency भी जाएगी,

 उद्धरण के लिया मुझे रोज  7-8 hours  की पढ़ाई करनी है क्यों? क्यूंकि मुझे क्लास मे टॉप आना है , जब आप का लक्ष्य  top in class  सेट हो जाएगा तो consistency  भी जाएगी

          इसलिए मै इस reason की तरफ

     इस Mission की तरफ

     इस passion की तरफ

consistency से चलूँगा और चलता रहूंगा  , आप को अपना कारण हमेशा याद  रखना होगा। 

You must have some reason for your activity :

I will do exercise daily।।।। Reason?

I will give maximum study hour to this subject,  Reason ?

Daily I will go to market to sale my product --- Reason ?

 

2. PLAN OF ACTION :

Reason  होना  एक बात है लेकिन इस reason को reality मे कैसे बदला जाए यह जानना भी जरुरी है आप के पास consistency  को पूरा करने के लिया एक Plan  होना चाइये , आप को अपने target को पूरा  करने के लिया उस का Plan of एक्शन क्या है यह पता होना चाइये कितना टाइम रोज निकलना है , क्या action  लेना है, जब आप का प्लान ready  होता है तो आप रोज confuse  नहीं होते और आप  अपना ध्यान action  पर दे सकते हो।


For Example  : आप को पता है की 12th  के बाद आप को Doctor  या engineer  या CA बनाना है तो इस Dream को पूरा करने के लिये आप का Plan  of  action   होना चाइये की आप को पूरे साल किस प्रकार से तैयारी करनी है और ऐसा मुझे हर रोज क्या करना है की जब exam  का टाइम आये तो उसे qualify  करने के लिये ready  हो। 

हर success के पीछे Planning  ही तो होती है फिर वो  कोई building  हो या कोई Invention हो या कोई Business हो।  Planning is Must

3. MAINTAIN YOUR AVERAGE SPEED  :

Reason ढूंढ लिये फिर Plan  भी बना लिये अब कई बार ऐसा भी होता है की routine  मे चलते हुए हमारे साथ कई सारी दिक्कते जाती है Obstruckles  जाते है काम के बिच मे Speed Breaker जाते है। 

Listen   obstruckles  तो लाइफ का एक part  है वो तो आयेंगे ही, देखना यह है की जब Speed  breaker  आता है तो हमारी स्पीड पर क्या effect  आता है।  आप को उस वक़्त यह नहीं देखना है की स्पीड कितनी है।  बस याद रखना है की Average  Speed  नहीं टूटनी चाइये क्यूंकि इन रुकावट की परिस्तिथि मे हमे Speed  नहीं बल्कि हमारा Target  हमारी Destination तक पहुंचने का होना चाइये।

अब प्रॉब्लम यह आती है की हम कारन पता कर लेट है अपना लक्ष्य क्या है सोच लेते है फिर Plan of Action  भी तये कर लेते है लेकिन जब रुकावट आती है तो हम अपना रास्ता भटक जाते है घबरा जाते है।  इसलिए जरुरी है की जब भी ऐसा हो तो हमारा पास Plan B  जरूर होना चाहिएअगर आप पहले से ही problem  को solve  करने का रस्ते सोच कर रखोगे तो यह Speed Breaker आप की स्पीड को slow जरूर  सकते है लकिन रोक नहीं सकते। और एक दिन हम अपने रहा पर चलते हुए मंज़िल तक पहुंच ही जायेंगे


                                                            मंज़िल मिल ही जायगे , देर से ही सही

घुमरहा  तो वो है जो घर से निकले ही नही

 

4. MAKE A HABIT :

किसी भी कार्य को करने की शुरुआत ही सबसे कठिन होती है, लकिन अगर हमने एक शुरुआत कर दी तो समझो आधा काम पूरा हो गया।  फिर भले ही वो एक छोटी ही क्यों हो। 

मुझे दातो मे झनझनात होती थी दर्द महसूस होता था , डॉक्टर ने बोला रोज दो बार  ब्रश करो शुरू मे आलस या लापरवाही के कारण मैंने कभी करा कभी नहीं करा, फिर जब दर्द काम नहीं हुआ तो मैंने रोज दो बार ब्रश करना शुरू कियाएक महीने तक consistency के साथ

 किया यकीन मानिया पता ही नहीं चला कब रोज दो बार ब्रश करना मेरी Habit (आदत) बन गई   अगर हम किसी भी कार्य को 21 to 40 days  नियमित रूप से करते है तो वो अपने आप ही एक आदत मे बदल जाती है बस जरुरत है एक शुरुआत की , जो मुश्किल हो सकती है लकिन नामुमकिन नहीं।

अगर आप आज ऐसा सोचते है की daily  सुबहे उठ कर घटे study करनी है in One session  और फिर घंटे Second Session मे , और जिस दिन आप इस process  को 21 to 40 Days नियमित रूप से कर लोगे तो यह आप की आदत बन जाएगी।  यक़ीनन जो शुरुरात आप ने करी है उस के परिणाम भी बेहद फायदे वाले होंगे।

5. MAKE THOUGHTS...YOUR FRIEND :

कई बार हम किसी छोटी छोटी problems  मे उलझ जाते है और समझ नहीं पाते  क्या करे किस से share करेफिर हम अपने आप से ही बाते करने लग जाते है तभी अचानक  आप को एक idea  दिमाग मे आता है और आप उछाल पड़ते हैक्यूंकि आप को उस problem  का solution  मिल गया। 

और आप भूल जाते है की यह जो नए नए विचार हमारे मन मे रहे है वो ही हमारा solution है।  जी हां अपने इन विचारो से दोस्ती कर लो जो जिस problem या confusion मे आप है उस का solution स्वयं ही मिल जाएगा।

6. TAKE IT EASY..GIVE RESPONSIBILITY TO YOURSELF :

मुझे daily  2 hours  की morning  मे study करनी है वो भी 2 session मे अगर मे इस बात को ज्यादा सोचूंगा तो मे स्ट्रेस मे जाऊंगा और अपने टारगेट से भटक जाऊंगा मुझे छोटी से छोटी टास्क भी बड़ी लगाने लग जाएगी।  तो पहले 1 hour  morning  के स्टडी से start  करो फिर second  स्टेज पर जाओ।  अगर आप को टारगेट बड़ा लगने लगे तो टारगेट को शुरुरात मे break कर लो।  आप का हर काम आसान हो जाएगा लेकिन आप अपने आप को अपने टारगेट की responsibility  दो।  आप को जो responsibility  देनी है वो आप के task  की देनी है यानि इस process को consistency से करने की responsibility  आप की है। 

आप अपने task  का reminder  बना लो और इस task  को हर उस जगहे लगा लो जहा आप की निगाहे हर थोड़ी देर मे जाती है उस task  के साथ आप का goal  क्या है वो भी लिख लो।  जैसे अपने स्टडी टेबल की  front  wall  पर room  के door  पर बाथरूम मे ताकि हर वक़्त आप को अपने goal  नज़र आये। 

दिन मे एक बार इस Goal   को जोर से बोलो और अपने आप को motivate  करो  और अगर फिर भी आप motivate  नहीं होते है तो अपने Goal  को reschedule  करो reconsider  करो मतलब वो goal  आप के दिल से निकले हुए नहीं है। 

Car  को Speed  मे लेने के लिया उसे fourth  Gear  मे लेना पड़ता है और fourth  Gear मे आने के लिया पहले 1 then 2 then 3 and 4 और अगर आप Direct  4 Gear  मे जाते है तो इस का नुकसान engine  को उठाना पड़ता है यानि आप के goal  को।  So maintain the speed with consistenc

 

:: REMEMBER ::

NEVER BE OVER CONFIDENT

NEVER BE OVER MOTIVATE

ONE GOAL AT A TIME

NEVER GIVE UP

NEVER DESTROY BECAUSE OF YOUR TEMPORARY THOUGHT

 

:: SUMMARY ::

  Set your Goal (For Example ; I want to be a doctor/Engineer/CA/Architectur).

2  Find the reason why you want to be ?

3  Set your Plan of Action - How will I achieve my Goal, what will be the step to follow. 

4  Maintain the speed with consistency of your daily routine, avoid the obs-truckle.

5  Make that routine at-least for 21 to 40 days, it will automatically convert into habit.

6  Discuss your problems / confusions with your own thoughts, you will get the solution.

7  Take responsibility yourself of your task, the process to follow daily.

8  Always do remind your task to youself, paste everywhere and motivate yourself

 

                         One day 

                          you will 

                           be what 

                           you want.

 

Thanks

Shailendra Porwal

9214311126

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